निर्गुण पौधे के फायदे

निर्गुन्डी (vitex negundo) निर्गुन्डी को हिन्दी में सम्हालू और मेउडी भी कहा जाता है . यह हिमालय की तलहटी में पाया जाता है . इसके पत्ते एक टहनी पर एक विशेष तरीके से पांच की संख्या में होते हैं . इसलिए इसे अंग्रेजी में five leaved chastle भी कहा जाता है . यह बहुत ही अमृतदाई पौधा है . अगर छाले हो हए हैं तो इसके पत्ते उबालकर गरारे और कुल्ले करें . इससे मुख की बदबू भी खत्म होती है . Periods में दर्द होता हो तो इसकी 4-5 पत्तियों को छाया में सुखाकर 600 ग्राम पानी में उबालें . जब रह जाए 150 ग्राम तो पीयें . यह सवेरे शाम कुछ दिन पी लें . अगर अधिक परेशानी है तो इसके बीजों का पावडर 2-2 ग्राम की मात्रा में सवेरे शाम लें . कमर दर्द में इसके पत्तों का काढ़ा लें . गण्डमाला , tonsil या गले में सूजन हो तो इसके पत्ते उबालकर सवेरे शाम गरारे करें और इसकी जड़ के छिलके को पीसकर गले में लेप करें . टांसिल की समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जायेगी . ज़ुकाम , खांसी , sinus या एलर्जी की समस्या हो तो इसके पत्ते उबालकर चाय की तरह पीते रहें . अपच हो गया हो तो इसके पत्ते और अदरक उबालकर चाय की तरह पीयें . इससे अफारा ...